Blogसमय/समाजसामाजिक/ सांस्कृतिक रिपोर्ट

चाय: सिर्फ स्वाद नहीं, भारतीय जीवन की धड़कन

समय – समाज चाय: सिर्फ स्वाद नहीं, भारतीय जीवन की धड़कन  डॉ. रीटा अरोड़ा “माँ, इतनी थकान के बाद भी…

Blogआलेख विचारसमय/समाज

जीवन का स्वर्णिम काल: गरिमा, संतुलन और आत्मस्वीकार की यात्रा

जीवन का स्वर्णिम काल: गरिमा, संतुलन और आत्मस्वीकार की यात्रा सहजता और संतुलन के साथ जीना ही वास्तविक परिपक्वता है…

Blogसमय/समाजसामाजिक/ सांस्कृतिक रिपोर्ट

व्यक्तिवाद का विष: ‘मैं’ ने निगल लिया ‘हम’ को

व्यक्तिवाद का विष: ‘मैं’ ने निगल लिया ‘हम’ को अधिकार तो सीख लिए… लेकिन रिश्ते निभाना भूल गए डॉ रीटा…

Blogआर्थिकविज्ञान / तकनीकसमय /समाज

डिजिटल अरेस्ट: जब भय बन जाता है साइबर अपराधियों का हथियार

डिजिटल अरेस्ट: जब भय बन जाता है साइबर अपराधियों का हथियार जब स्क्रीन पर दिखने वाली नकली वर्दियाँ, जिंदगी भर…

Blogआलेख विचारयुवासमय/समाज

दुनिया से नहीं, अपनी भावनाओं से हार रहा है आज का युवा

सामाजिक सरोकार दुनिया से नहीं, अपनी भावनाओं से हार रहा है आज का युवा फोकस टूटते ही प्रतिभा भी बिखरने…

Blogआलेख विचारसभा / संगठन/ सोसायटीसमय /समाज

संगत का असर: हम किसके साथ बैठते हैं, वही हमारी सोच गढ़ता है

समय – समाज संगत का असर: हम किसके साथ बैठते हैं, वही हमारी सोच गढ़ता है जिंदगी की दिशा बड़े…

Blogसमय/समाजसामाजिक/ सांस्कृतिक रिपोर्ट

रिश्ते अब निभाए नहीं जाते… “मैनेज” किए जाते हैं

घर – परिवार रिश्ते अब निभाए नहीं जाते… “मैनेज” किए जाते हैं बढ़ते तलाक: आधुनिकता या रिश्तों का संकट?  डॉ.…