रणबीर सिंह दहिया की कविता- मजदूर किसान मिलकै सारे लुटेरयां तैं टकरावांगे
मजदूर किसान मिलकै सारे लुटेरयां तैं टकरावांगे।।
जितने बिल खिलाफ म्हारै सबनै वापस करावांगे।।
1
जितना दाबोगे थाम हमनै उतना जोश बढ़ेगा म्हारा
म्हारी एकता और बढ़ेगी जुल्म जरूर हारैगा थारा
चैन खोस लिया म्हारा ईब हम सबक सिखावांगे।।
जितने बिल खिलाफ म्हारै सबनै वापस करावांगे।।
2
थारी लाठी गोली जो चालें उनतें नहीं घबराने आले
यो संघर्ष जोर पकड़ेगा उल्टे कदम ना हटाने आले
लुटेरे ना नजर मिलाने आले नारे मिलकै लगावांगे।।
जितने बिल खिलाफ म्हारै सबनै वापस करावांगे।।
3
किसानी एकता बाँट्न नै हिन्दू मुस्लिम थाम ल्याये
जात धर्म गोत नात पै थाम चाहते जनता नै लड़ाये
तमनै कितने झूठ भकाये सब खोल कै बतावांगे।।
जितने बिल खिलाफ म्हारै सबनै वापस करावांगे ।।
4
हिंदुस्तान के नर नारी हिन्दू मुस्लिम सिख ईसाई
इनकी एकता की साहमी ना होवैगी थारी सुनाई
रणबीर कर कविताई दुनिया मैं अलख जगावांगे।।
जितने बिल खिलाफ म्हारै सबनै वापस करावांगे ।।
