Blogआलोचना/ लेखदुर्घटना/ हादसासाहित्य/पुस्तक समीक्षा

समाज और प्रकृति दोनों से कवियों को प्रेरणा मिलती है

आज 2 जुलाई को हिंदी के बड़े और लोकप्रिय कवि आलोक धन्वा का जन्मदिन है। इस मौके पर राघवेंद्र दुबे…

Blogपर्यीवरण/जलवायुसामाजिक/ सांस्कृतिक रिपोर्ट

प्रकृति को हमारी नहीं, हमें उसकी ज़रूरत है

प्रकृति को हमारी नहीं, हमें उसकी ज़रूरत है डॉ रीटा अरोड़ा आज के दौर में हम अक्सर यह कहते हैं…

Blogधर्म-संस्कृति

ऋतु परिवर्तन का लोकउत्सव: लोहड़ी और नई ऋतु की दस्तक

ऋतु परिवर्तन का लोकउत्सव: लोहड़ी और नई ऋतु की दस्तक  डॉ. प्रियंका सौरभ भारत की लोकपरंपराएँ केवल पर्व-त्योहार नहीं होतीं,…

Blogआलेख विचारपर्यीवरण/जलवायु

दुनिया भर के लिए बड़ी चुनौती बना पर्यावरण संकट

दुनिया भर के लिए बड़ी चुनौती बना पर्यावरण संकट  कुलभूषण उपमन्यु पिछली डेढ़ शताब्दी, जब से औद्योगिक क्रांति ने विकास…

Blogकविता /कहानी/ नाटक/ संस्मरण / यात्रा वृतांतपर्यीवरण/जलवायु

मंजुल भारद्वाज की कविता- प्रकृति बिकाऊ नहीं है!

कविता प्रकृति बिकाऊ नहीं है! – मंजुल भारद्वाज आज हर मनुष्य को लगता है वो अपनी ज़रुरत की हर चीज़…