Blogकविता /कहानी/ नाटक/ संस्मरण / यात्रा वृतांत

जयपाल की दो लघुकथाएँ

जयपाल की दो लघुकथाएँ लघुकथा-1  आंटियां   सब्जी वाला आता।गली की औरतें रेहड़ी घेर लेती।सब्जी में मीन-मेख निकालती..किसी सब्जी को…

Blogसाहित्य/पुस्तक समीक्षा

दलित समाज की पीड़ा को व्यक्त करतीं कविताएं

पुस्तक समीक्षा दलित समाज की पीड़ा को व्यक्त करतीं कविताएं मंजीत सिंह पिछले दिनों हरियाणा के चर्चित कवि जयपाल जी…

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जयपाल की कविताः मेरा गाँव मेरा बचपन

उत्तरी भारत के ग्रामीण जीवन की एक झलक /हास्य-व्यंग्य से भरपूर ‘जयपाल’ की एक रचना) मेरा गाँव-मेरा बचपन जयपाल घर…

Blogकविता /कहानी/ नाटक/ संस्मरण / यात्रा वृतांतयुद्ध/संघर्ष

युद्ध के विरुद्ध जयपाल की दो कविताएं

युद्ध के विरुद्ध जयपाल की दो कविताएं 1. यूद्ध के बाद युद्ध के बाद बच जाएंगे कुछ पिता कुएं में…