Blogआलोचना/ लेखसाहित्य/पुस्तक समीक्षा

बदलता साहित्यिक स्वरूप और कवि-लेखक

टिप्पणी बदलता साहित्यिक स्वरूप और कवि-लेखक कृष्ण कुमार निर्माण   आज के समय में साहित्य,लेखक और साहित्यिक/कवि गोष्ठियों की जो…

Blogकविता /कहानी/ नाटक/ संस्मरण / यात्रा वृतांतसाहित्य/पुस्तक समीक्षा

मंजुल भारद्वाज की कविता – भोले लोग !

कविता भोले लोग ! मंजुल भारद्वाज   बड़े मासूम और भोले हैं वो लोग जो कहते हैं राजनीति को धर्म…

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नेहरू, गुरु दत्त और एक संवेदनशील भारत का अवसान

मनोज कुमार झा जी सार्वजनिक जीवन के उन गिने-चुने लोगों में हैं जो कमाल के वक्ता होने के साथ-साथ बेजोड़…

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मंजुल भारद्वाज की कविता – आहट

कविता आहट मंजुल भारद्वाज   प्रतिरोध की आहट मौत के सन्नाटे को प्रतिध्वनित कर रही है।   कहीं दबे पांव…

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हमें जात-पांत में ना बांट-2

अन्याय गाथा, खंड आठ प्रस्तुत कविता बहुजन न्यायवादी कवि ओमसिंह अशफ़ाक की पुस्तक ‘अन्याय गाथा’ के खंड आठ से ली…

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हम न मरब मरिहैं संसारा : डॉ. श्रीनारायण तिवारी

स्मृति लेख हम न मरब मरिहैं संसारा : डॉ. श्रीनारायण तिवारी बजरंग बिहारी तिवारी   कोई दिन, कोई महीना मनहूस…

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अनुपम शर्मा की कविता – आखिर क्यों?

कविता आखिर क्यों? अनुपम शर्मा   मेहनत मज़दूरी करता है हाड़ मांस गलाता है पूंजीवाद की भट्टी में शोषण से…

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कविता में ‘रूपक और सोशल-मेलोड्रामा ‘

कविता में ‘रूपक और सोशल-मेलोड्रामा ‘ प्रस्तुत कविता बहुजन न्यायवादी कवि ओमसिंह अशफ़ाक की पुस्तक ‘अन्याय गाथा’ के खंड आठ…

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समय के सामने कवि और कविता-5

(न्याय हितेषी बहुजनकवि ओमसिंह अशफ़ाक की एक लोकप्रिय कविता है ‘जब इंसाफ कहीं ना होता हो'(अन्याय गाथा)। उक्त कविता के…