1 जुलाई को विकलांग अधिकार मंच जिला मुख्यालयों पर धरना प्रदर्शन करेगा
मनरेगा बहाली और वीबी ग्राम जी कानून रद्द को लेकर धरने प्रदर्शन का हुआ फैसला – सुरेंद्र गोयल
हिसार() आज विकलांग अधिकार मंच हरियाणा की राज्य कार्यकारिणी बैठक प्रदेश अध्यक्ष सुरेंद्र कुमार गोयल की अध्यक्षता में विकलांग अधिकार मंच कार्यालय, जवाहर नगर, हिसार पर की गई। बैठक में ब्लॉक, जिला और राज्य सम्मेलन करने, विकलांग पेंशन, बस पास और वीबी ग्राम जी कानून जैसे मुद्दों पर गहन विचार विमर्श किया गया है। बैठक में सर्वसहमति से कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए हैं।
प्रेस बयान में राज्य अध्यक्ष सुरेंद्र कुमार गोयल और महासचिव ऋषिकेश राजली ने बताया कि केंद्र सरकार एक जुलाई को मनरेगा कानून रद्द करके वीबी ग्राम जी कानून लेकर आ रही है, जो मजदूरों के अधिकारों के खिलाफ है। ज्यादातर विकलांगों की आबादी गरीब परिवारों से संबंध रखती है इसलिए इसका विरोध लाजमी है साथ ही मनरेगा कानून में विकलांगों के लिए जो अधिकार सुरक्षित थे इसमें ज्यादातर हटा दिए गए हैं और कुछ बच्चे हैं उनको यह प्रभावित करते हैं।
मनरेगा में काम के आधार पर बजट होता था इसमें बजट के आधार पर काम है जिसमें विकलांगों की ज्यादा अनदेखी की जाएगी। मनरेगा के तहत मजदूरों को 100 दिन के काम की गारंटी के बावजूद 50% से कम काम दे पाए हैं, तो 125 दिन का काम सरकार कैसे दे पाएगी ? इसलिए हम इसका विरोध करते हैं और राष्ट्रीय विकलांग अधिकार मंच के आह्वान पर सभी राज्यों में 1 जुलाई को प्रशासनिक कार्यालयों के आगे विकलांग धरने प्रदर्शन करेंगे और मनरेगा बहाल करने वीबी ग्राम जी कानून रद्द करने की मांग का ज्ञापन सोएंगे।
हरियाणा में भी विकलांग अधिकार मंच की राज्य कमेटी ने बैठक करके सभी जिलों के पदाधिकारी को आदेश दिए हैं कि अपने जिला मुख्यालयों पर धरने प्रदर्शन करें और अपनी मांगों का ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारी को सौंपे। जुलाई महीने में पांच जिले हिसार, रोहतक, कैथल, भिवानी और जींद जिलों के ब्लॉक, जिला सम्मेलन किए जाएंगे । सितंबर महीने में राज्य सम्मेलन करने की संभावना है।
आज की बैठक में सुरेंद्र कुमार गोयल, ऋषिकेश राजली, योगेश शांडिल्य, संदीप हिसार,सुरेंद्र जांडली, ईश्वर भूना, कृष्ण गुरी, हरिकेश करनाल आदि रहे।
