Blogमनोरंजन/सिनेमासिनेमा/ शास्त्रीस संगीत/गीत/गीतकार/गायक/ संगीत/ संगीतकार फिल्म

78 साल के प्रेम की दास्ताँ..166 मिनट बंधे रखती है..

फिल्म- मैं वापस आऊंगा 78 साल के प्रेम की दास्ताँ..166 मिनट बंधे रखती है.. इम्तियाज अली की फ़िल्मों में हमेशा…

Blogकला/कलाकारनाटक रंगमंच थियेटर

दर्शक संवाद तंत्र रंगकर्म का स्वावलंबन है!

रंगमंच दर्शक संवाद तंत्र रंगकर्म का स्वावलंबन है! मंजुल भारद्वाज   पूंजीवाद ने ‘ बेचो और खरीदो’ buy & sell…

Blogनाटक रंगमंच थियेटर

थियेटर को जीवन का विश्वविद्यालय बनाते मंजुल भारद्वाज

रंगमंच : अवलोकन : थिएटर ऑफ़ रेलेवंस थियेटर को जीवन का विश्वविद्यालय बनाते मंजुल भारद्वाज धनंजय कुमार थियेटर ऑफ रेलेवेंस…

Blogमनोरंजन/सिनेमा

लड़के को आपका असिस्टेंट नहीं, आपका स्टार होना चाहिए

किस्सा फिल्मों का लड़के को आपका असिस्टेंट नहीं, आपका स्टार होना चाहिए जावेद अख्तर ने आमिर खान के बारे में…

Blogमनोरंजन/सिनेमासमय /समाज

अस्सी : स्क्रीन पर फिल्म खत्म, दिमाग में मुकदमा शुरू

फिल्म समीक्षा अस्सी : स्क्रीन पर फिल्म खत्म, दिमाग में मुकदमा शुरू कठघरे में एक लड़की नहीं, हमारी सोच खड़ी…

Blogमनोरंजन/सिनेमासिनेमा/ शास्त्रीस संगीत/गीत/गीतकार/गायक/ संगीत/ संगीतकार फिल्म

गमनः कम बजट में भी बन सकती है प्रभावशाली फिल्म

सिनेमा गमनः कम बजट में भी बन सकती है प्रभावशाली फिल्म बालेंदुशेखर मंगलमूर्ति   फिल्म मुज़फ्फर अली की पहली फिल्म…

Blogसिनेमा/ शास्त्रीस संगीत/गीत/गीतकार/गायक/ संगीत/ संगीतकार फिल्म

सईद मिर्ज़ा की पांच फ़िल्में

सामाजिक सिनेमा सईद मिर्ज़ा की पांच फ़िल्में बालेंदु शेखर मंगलमूर्ति   कल से सईद मिर्ज़ा की पांच फ़िल्में देखीं। अरविन्द…

Blogकला/कलाकारसिनेमा/ शास्त्रीस संगीत/गीत/गीतकार/गायक/ संगीत/ संगीतकार फिल्म

समाज के खोखले आदर्शों, नैतिक दुविधाओं को बयां करती ‘पार्टी’

सिनेमा समाज के खोखले आदर्शों, नैतिक दुविधाओं को बयां करती ‘पार्टी’ बालेंदुशेखर मंगलमूर्ति 1984 में रिलीज फिल्म ‘पार्टी’ गोविन्द निहलानी…

Blogआंदोलन/ प्रदर्शन/ धरनानाटक रंगमंच थियेटर

शुद्ध क्रांति,जन आन्दोलन,जन जागरण से अब मार्केटिंग ‘टूल’ हो गया है “नुक्कड़ नाटक”

शुद्ध क्रांति,जन आन्दोलन,जन जागरण से अब मार्केटिंग ‘टूल’ हो गया है “नुक्कड़ नाटक”    मंजुल भारद्वाज नुक्कड़ नाटक क्या है…