पुरस्कार/ सम्मानमनोरंजन/सिनेमासमाचार नीरज घेवन की ‘होमबाउंड’ को मेलबर्न महोत्सव में सर्वश्रेष्ठ फिल्म का पुरस्कार नीरज घेवन की ‘होमबाउंड’ को मेलबर्न महोत्सव में सर्वश्रेष्ठ फिल्म का पुरस्कार नयी दिल्ली। फिल्मकार नीरज घेवन की फिल्म ‘होमबाउंड’… Pratibimb Media25 August 202525 August 2025
Blogगीत ग़ज़ल रमेश जोशी का गीत- छप्पन इंची सीना छप्पन इंची सीना रमेश जोशी सुख के सपनों वाला मौसम दिखता आज कहीं ना भगतो हवा हो गए सब अच्छे… Pratibimb Media25 August 202526 August 2025
Blogगीत ग़ज़ल सुरेन्द्र कंवल की ग़ज़ल – दिल पर असर होने लगा ग़ज़ल दिल पर असर होने लगा सुरेन्द्र कंवल आपका, दिल पर मिरे जबसे असर होने लगा। जिंदगी का हर सफर… Pratibimb Media25 August 202525 August 2025
Blogकविता /कहानी/ नाटक/ संस्मरण / यात्रा वृतांत कुलभूषण उपमन्यु की कविता – किसान कविता किसान कुलभूषण उपमन्यु खो गया है किसान जो हुआ करता था कभी सबके हिस्से की रोटी का रखवाला और… Pratibimb Media25 August 2025
Blogऋत्विक घटकमनोरंजन/सिनेमासाक्षात्कार मेरी धारणा टूटी कि सिर्फ़ पैसा होने से ही फिल्म बनाई जा सकती है ऋत्विक घटक का साक्षात्कारः भाग 6 (अंतिम भाग) मेरी धारणा टूटी कि सिर्फ़ पैसा होने से ही फिल्म बनाई जा… Pratibimb Media21 August 202524 August 2025
Blogकविता /कहानी/ नाटक/ संस्मरण / यात्रा वृतांतसमय/समाज … तो अगली बार जब सपना देखो … तो अगली बार जब सपने देखो विजय शंकर पांडेय सपने पूरे करने हैं? किताब मत खोलो, टीवी खोलो। डिग्री… Pratibimb Media21 August 202521 August 2025
Blogधर्म-संस्कृतिसमय /समाज सगुण अवतार की परिकल्पना वेदों में कहीं नहीं अनुवादक की कलम से उपरोक्त टिप्पणी देवदत्त पटनायक की फेसबुक पोस्ट से ली गई है। देवदत्त पटनायक उडीसा से हैं,… Pratibimb Media21 August 202521 August 2025
Blogकविता /कहानी/ नाटक/ संस्मरण / यात्रा वृतांतविरासतसमय /समाज इस्मत आपा: आज़ाद ज़िन्दगी का सिर्फ ख़्वाब ही नहीं देखा, जी कर भी दिखाया और दूसरों के लिए रास्ते बनाए जन्मदिन पर विशेष इस्मत आपा: आज़ाद ज़िन्दगी का सिर्फ ख़्वाब ही नहीं देखा, जी कर भी दिखाया और दूसरों के… Pratibimb Media21 August 202521 August 2025
Blogऋत्विक घटकमनोरंजन/सिनेमासाक्षात्कार ‘तिताश’ फिल्म जीवन स्मृतियों के प्रति एक श्रद्धांजलि जैसी है ऋत्विक घटक का साक्षात्कारः भाग 5 ‘तिताश’ फिल्म जीवन स्मृतियों के प्रति एक श्रद्धांजलि जैसी है मनुष्य का सांस्कृतिक मन… Pratibimb Media21 August 202523 August 2025
Blogधर्म-संस्कृति मंजुल भारद्वाज की कविताः भारत हर रोज़ हार रहा है कविता भारत हर रोज़ हार रहा है – मंजुल भारद्वाज भारत हर रोज़ हार रहा है जीत रहे हैं मुठ्ठी… Pratibimb Media20 August 202520 August 2025