फसल विविधीकरण ही कृषि संकट का हल हैः परमजीत सिंह
Crop diversification is the solution to the agrarian crisis: Paramjit Singh
किसान नेता का कहना है कि सरकारों को फसल विविधीकरण (अलग-अलग तरह की खेती) को बढ़ावा देने के लिए फसलों के सही दाम देने चाहिए। पंजाब के पड़ोसी राज्य हिमाचल ने भी फसल विविधीकरण को बढ़ावा दिया है
सीनियर जर्नलिस्ट फोरम जनरल बॉडी मीटिंग फसल विविधीकरण परमजीत सिंह
सीनियर जर्नलिस्ट फोरम के सम्मेलन में भाकियू फतेह के अध्यक्ष हुए शामिल
चंडीगढ़। किसानों को संकट से निकालने के लिए गेहूं और धान की फसल के बदले ऑर्गेनिक खेती एक विकल्प है, लेकिन सरकारें किसानों का साथ नहीं दे रही हैं। यह विचार भारतीय किसान यूनियन (फतेह) के अध्यक्ष परमजीत सिंह ने शुक्रवार को यहां किसान भवन में सीनियर जर्नलिस्ट फोरम की जनरल बॉडी मीटिंग को संबोधित करते हुए व्यक्त किए।
किसान नेता ने कहा कि ऑर्गेनिक खेती से प्रदूषण कम करने में मदद मिलेगी। इससे पंजाब में ग्राउंड वाटर संकट को भी कम करने में मदद मिलेगी। किसान नेता का कहना है कि सरकारों को फसल विविधीकरण (अलग-अलग तरह की खेती) को बढ़ावा देने के लिए फसलों के सही दाम देने चाहिए। पंजाब के पड़ोसी राज्य हिमाचल ने भी फसल विविधीकरण को बढ़ावा दिया है। पंजाब को भी अलग-अलग तरह की फसलों की खेती की पॉलिसी अपनाने की ज़रूरत है!
जर्नलिस्ट फोरम, चंडीगढ़ की सालाना जनरल मीटिंग आज यहां किसान भवन में हुई। ट्राईसिटी पर आधारित यह फोरम अपने पहले छह महीनों में ही बहुत पॉपुलर हो गया है। मीटिंग में बड़ी संख्या में सीनियर जर्नलिस्ट सदस्यों ने हिस्सा लिया। फोरम का मकसद जर्नलिस्ट कम्युनिटी के बीच रिश्ते को मज़बूत करना है।
