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विषमता के बोध की तुलना में वंचना का बोध पैदा करना ज्यादा आसान क्यों है?

विषमता के बोध की तुलना में वंचना का बोध पैदा करना ज्यादा आसान क्यों है?   शंभुनाथ   आखिर लोगों…