हरियाणा : जूझते जुझारू लोग -75
मनोहरलाल जाखड़ – सेवानिवृत्ति के बाद भी सक्रिय
सत्यपाल सिवाच
वन विभाग से सेवानिवृत्त मनोहरलाल जाखड़ फिलहाल भी सक्रिय हैं। उनका जन्म 24.03.1957 में हिसार जिले (वर्तमान फतेहाबाद) के गांव कुम्हारियां में हुआ। उनकी मां का नाम चावली देवी और पिता का नाम मेहरचंद है। वे तीन भाई और पाँच बहनें हैं। मनोहरलाल ने 1974 में मैट्रिक और 1976 में इंटर पास की। वे 04.09.1978 को वन विभाग में वन रक्षक पद पर नियुक्त हो गए। दिनांक 31.03.2015 को डिप्टी रेंजर पद से सेवानिवृत्त हुए।
वे सन् 1982 में वन विभाग कर्मचारी संघ में सक्रिय हो गए थे। सन् 1984 जिला स्तर के पदाधिकारी बन गए थे। जब 1986-87 में सर्वकर्मचारी संघ बना तो ब्लॉक व जिला स्तर पर सक्रिय रहे और पदाधिकारी बने। रिटायर होने तक अलग अलग पदों पर बने रहे। वन विभाग कर्मचारी संघ में कैशियर तथा एक बार अध्यक्ष भी रहे। सेवानिवृत्त होने पर रिटायर्ड कर्मचारी संघ में शामिल हो गए और उसके कोषाध्यक्ष हैं।
मनोहरलाल जाखड़ उस दौर के कार्यकर्ता हैं जिसमें काफी संघर्ष रहे हैं। वे अनेक बार चार्जशीट व निलंबित हुए। सन् 1993 में उन्हें गिरफ्तार किया गया और पंद्रह दिन बुड़ेल जेल में रहे। उन्हें इस अवधि में बर्खास्त भी किया गया
परिवार में पत्नी हैं। एक बेटा और तीन बेटियां हैं सभी बेटियां शिक्षित हैं। एक पीजीटी पद पर लगी हुई है। सभी विवाहित हैं।
मनोहरलाल अभी भी जनवादी आन्दोलन में सक्रिय रहते हैं। रिटायर्ड कर्मचारी संघ के कोषाध्यक्ष हैं।( सौजन्य:ओमसिंह अशफ़ाक)

लेखक : सत्यपाल सिवाच
